हिंदी वर्णमाला स्वर और व्यंजन | Hindi Varnamala Alphabets & Letters

हिंदी वर्णमाला स्वर और व्यंजन. आज के इस आर्टिकल में हम हिंदी वर्णमाला के बारेमे सीखेंगे. हिंदी भाषा की उत्पत्ति संस्कृत भाषा से हुई हैं और इसका साहित्य बहोत ही बड़ा हैं. यदि आप हिंदी भाषा को सीखना चाहते हैं तो सबसे पहले आपको हिंदी वर्णमाला सीखनी होगी.

जिस तरह English में English Alphabets होते हैं ठीक उसी तरह हिंदी भाषा में भी Hindi Alphabets और Hindi Letters होते हैं. आप चाहे किसी भी भाषा का उदाहरण ले लीजिये, उसका सबसे छोटा इकाई “वर्ण” ही होता हैं. वर्ण मिलकर शब्द बनाते हैं और फिर शब्द मिलकर वाक्य बनाते हैं. तो हिंदी व्याकरण सिखने की शुरुआत आपको हिंदी वर्णमाला सिखकर ही करनी चाहिए. और इसीलिए आज हमने यह लेख लिखा हैं.

Hindi varnamala
Hindi Varnamala

बहोत सारे छात्रो को हिंदी वर्णमाला में वर्णों की संख्या को लेकर बहोत सारा confusion होता हैं, वर्णमाला में व्यंजनों की संख्या और स्वरों की संख्या को लेकर भी बहोत सवाल होते हैं. कुछ लोग कहते हैं की हिंदी वर्णमाला में 41 व्यंजन होते हैं, कुछ कहते हैं की 35 होते हैं, कुछ कहते हैं की 33 होते हैं, इत्यादि. आपने भी देखा होगा. तो इस पोस्ट को पढने के बाद आपका सारा confusion दूर हो जाएगा.

इस लेख को आपको पूरा पढना होगा और हर एक वाक्य को पढना होगा. तभी आप वर्णों की संख्या के बारेमे अच्छे से समज पाएंगे और सिख पाएंगे.

यहाँ पर आप जानने वाले हैं की हिंदी वर्णमाला क्या हैं, हिंदी वर्णमाला में कुल कितने वर्ण होते हैं, कुल कितने स्वर और व्यंजन होते हैं. Hindi alphabets & Hindi letters की विस्तृत जानकारी आपको यहाँ पर सिखने मिलेगी. तो चलिए शुरू करते हैं.

हिंदी वर्णमाला क्या हैं

हम अपनी बात दूसरो को कहने के लिए अपने मुह से कुछ बोलते हैं, जिन्हें हम ध्वनी कहते हैं. और उस ध्वनी को हम वर्ण कहते हैं. इसे हम अक्षर भी कहते हैं. तो इस वर्णों के समूह को ही वर्णमाला कहते हैं.

वर्णमाला के जरिये आप अपनी बात को और आप जो कहना चाहते हो उसे लिखित रूप में दिखा सकते हो. लिखने के लिए हम कुछ चिन्हों का उपयोग करते हैं जैसे की “क, ख, ग” तो इन्हें हम लिपि कहते हैं. हिंदी भाषा की लिपि देवनागरी लिपि हैं.

तो कुल मिलाकर भाषा का सबसे छोटा इकाई वर्ण होता हैं और इन्ही वर्णों के एक पुरे व्यवस्थित समूह को ही हम वर्णमाला (Alphabet) कहते हैं.

यदि आपको वर्ण के बारेमे जरा सा भी doubt अभी भी हैं तो हमने वर्ण के बारेमे एक article लिखा हैं, आप उसे जरुर पढ़े: वर्ण किसे कहते हैं.

हिंदी वर्णमाला में कुल कितने वर्ण होते हैं

हिंदी वर्णमाला में वर्णों की संख्या को दो तरह से तय किया जाता हैं. उच्चारण के आधार पर और लेखन के आधार पर. अभी बात करे उच्चारण के आधार पर तो हिंदी वर्णमाला में उच्चारण के आधार पर कुल मिलाकर 52 वर्ण हैं और इसमे 11 स्वर हैं, 39 व्यंजन हैं और 2 अयोगवाह हैं.

कही पर आपको 13 स्वर और 33 व्यंजन लिखा हुआ मिलेगा, कही पर कुछ और लिखा हुआ मिलेगा. क्योकि हम कभी-कभी उपवाद अक्षरों को शामिल कर देते हैं जिस वजह से संख्या में बदलवा आता हैं. सारांश में कहे तो हिंदी वर्णमाला में 52 वर्ण होते हैं.

हम व्यंजन की संख्या को और स्वर की संख्या को आगे विस्तार से देखने वाले हैं. आपके मन में कोई भी confusion नहीं रहेगा.

अभी आपको Hindi Alphabet और Hindi Letter के बारेमे पता हैं की यह कितने होते हैं.

वर्णों के कितने प्रकार होते हैं

हिंदी वर्णमाला को 2 भागो में विभाजित किया गया हैं: स्वर और व्यंजन.

तो चलिए जानते हैं की स्वर किसे कहते हैं और व्यंजन किसे कहते हैं. ताकि आप इसे आसानी से समज सके.

स्वर किसे कहते हैं | Hindi Alphabet Vowel

जिन वर्णों को हम बिना किसी अवरोध और किसी दुसरे वर्णों के बिना बोल सकते हैं, उन्हें हम स्वर कहते हैं. हिंदी वर्णमाला में स्वर की संख्या 11 हैं.

स्वर: अ, आ, इ, ई, उ, ऊ, ऋ, ए, ऐ, ओ, औ

Note: आपको बता दे की हिंदी वर्णमाला में मात्रा के आधार पर कुल 10 ही स्वर हैं. Hindi alphabet (वर्णमाला) में इसके आलावा 2 और भी वर्ण होते हैं जोकि अनुस्वार (अं) और विसर्ग (अ:) हैं, इन्हें हम अयोगवाह कहते हैं. कुछ लोग इन्हें व्यंजन कहते हैं. पर यह व्यंजन नहीं हैं.

अयोगवाह ऐसे वर्ण होते हैं जोकि स्वर नहीं होते और नाही पूर्ण रूप से व्यंजन होते हैं. पर इन्हें स्वरों के साथ लिखते हैं. इन वर्णों का उच्चारण व्यंजनों की तरह ही किया जाता हैं.

स्वर के प्रकार

हिंदी वर्णमाला में स्वरों को उनके उच्चारण के आधार पर कुल तिन भाग में बांटा गया हैं.

  1. ह्रस्व स्वर
  2. दीर्घ स्वर
  3. प्लुत स्वर

ह्रस्व स्वर: जिन स्वरों का उच्चारण करने में मतलब की बोलने में कम समय लगता हैं उन्हें ह्रस्व स्वर कहते हैं.

जैसे की,

अ, इ, उ, ऋ

दीर्घ स्वर: जिन स्वरों के उच्चारण में मतलब की बोलने में ह्रस्व स्वरों की तुलना में थोडा ज्यादा समय लगता हैं उन्हें दीर्घ स्वर कहते हैं.

जैसे की,

आ, ई, ऊ, ए, ऐ, ओ, औ

प्लुत स्वर: यह ऐसे स्वर हैं जिन्हें बोलने के लिए ज्यादा समय लगता हैं. जब हम जोर से बोलते हैं तब इनका उपयोग होता हैं.

जैसे की,

बाप रे! अरे रे!

अभी आप स्वर किसे कहते हैं और हिंदी वर्णमाला में स्वर कितने होते हैं, Hindi Vowel इसके बारेमे जानते हैं. चलिए अब हम व्यंजन किसे कहते हैं इसके बारेमे सिखते हैं.

स्वर के बारेमे ज्यादा जानकारी के लिए यह पढ़े: स्वर किसे कहते हैं

व्यंजन किसे कहते हैं | Hindi Alphabet Consonant

जिन वर्णों का उच्चारण करने के लिए स्वर की अवश्यकता पड़ती हैं उन्हें हम व्यंजन कहते हैं. व्यंजन वर्णों का उच्चारण हम बिना स्वर की मदद के नहीं कर सकते हैं.

हर एक व्यंजन में “अ” स्वर तो मिला ही हुआ होता हैं. जैसे की, “क् + अ = क”.

हिंदी वर्णमाला में कुल 39 व्यंजन हैं. जिसमे 25 स्पर्श व्यंजन, 4 अन्तस्थ व्यंजन, 4 उष्म व्यंजन, 4 संयुक्त व्यंजन, और 2 द्विगुण व्यंजन शामिल हैं.

तो यदि आपसे कोई पूछे की हिंदी वर्णमाला में कुल व्यंजन कितने हैं तो आपका जवाब होगा 39. और यदि आपसे कोई पूछे की हिंदी वर्णमाला में परंपरागत रूप से कितने व्यंजन हैं तो आपका जवाब होगा 33 ( से लेकर तक).

एक बार फिर से समज लीजिये,

कुल 39 व्यंजन = 25 स्पर्श व्यंजन + 4 अन्तस्थ व्यंजन + 4 उष्म व्यंजन + 4 संयुक्त व्यंजन + 2 द्विगुण व्यंजन

अभी, स्पर्श व्यंजन में 5 वर्ग होते हैं और उन पांचो वर्गों में 5-5 वर्ण होते हैं, तो कुल 25 वर्ण हो जाते हैं.

स्पर्श व्यंजन के वर्ग: क वर्ग, च वर्ग, ट वर्ग, त वर्ग और प वर्ग हैं.

निचे हमने एक व्यंजन टेबल दिया हैं जिसमे हिंदी वर्णमाला व्यंजन लिखे हुए हैं. और उसके आगे, व्यंजनों के वर्गों के बारेमे भी लिखा हुआ हैं.

हिंदी वर्णमाला व्यंजन

स्पर्श व्यंजन (क वर्ग):
स्पर्श व्यंजन (च वर्ग):
स्पर्श व्यंजन (ट वर्ग):
स्पर्श व्यंजन (त वर्ग):
स्पर्श व्यंजन (प वर्ग):
अन्तस्थ व्यंजन:
उष्म व्यंजन:
सयुंक्त व्यंजन:क्षत्रज्ञश्र
द्विगुण व्यंजन:ड़ढ़
Hindi Varnamala Vyanjan

ऊपर के टेबल में हमने Hindi Alphabet Consonant के बारेमे बताया हैं. जिसमे हमने व्यंजन के सभी प्रकार भी बता दिए हैं. तो अब आपके मन में हिंदी व्यंजन की संख्या को लेकर कोई confusion नहीं रहा होगा. हमने सबसे सरल तरीके से आपको समजाया हैं.

चलिए अब हम हिंदी वर्णमाला चार्ट को समजकर सभी वर्णों का अभ्यास एक साथ करते हैं. निचे हिंदी वर्णमाला चार्ट (Hindi Varnamala Chart) के बारेमे जानकारी हैं.

हिंदी वर्णमाला chart

हिंदी वर्णमाला चार्ट में हम सभी वर्णों को लिखते हैं. उसमे स्वर भी आ जाते हैं, व्यंजन भी आ जाते हैं और अयोगवाह भी आ जाते हैं. हम आपको एक बार फिर बता दे की हिंदी भाषा की लिपि देवनागरी हैं और इसीलिए हिंदी वर्णमाला को देवनागरी लिपि में लिखा जाता हैं.

निचे हमने आपको एक Infographics दिया हैं. आप चाहिए तो उस Hindi Varnamala Image पर कुछ देर के लिए press करके उसे डाउनलोड कर सकते हैं. अगर आप इसे किसी वेबसाइट में लगाना चाहते हैं तो आप insert कर सकते हैं पर आपको इस article को credit देना होगा.

Hindi varnamala Chart
Hindi varnamala chart

तो यह था हिंदी वर्णमाला Chart. इस चार्ट को पढ़कर आप हिंदी वर्णमाला से जुड़े अपने सारे confusion को दूर कर सकते हैं. अब आपको हिंदी वर्णमाला में कितने वर्ण होते हैं, स्वर कितने होते हैं और व्यंजन कितने होते हैं, इसके बारेमे समज में आ गया होगा.

यह भी पढ़े:

Hindi Varnamala FAQ

हिंदी वर्णमाला में कुल कितने वर्ण हैं?

हिंदी वर्णमाला में कुल मिलकर 52 वर्ण हैं. जिसमे 11 स्वर हैं, 2 अयोगवाह हैं, और 39 व्यंजन हैं.

Hindi Alphabets (वर्णमाला) में स्वर कितने हैं?

Hindi alphabets में कुल 11 स्वर हैं. अगर हम मूल स्वर की बात करे तो वे 4 (अ, इ, उ, ऋ) हैं.

Hindi Varnamala में व्यंजन की संख्या कितनी हैं?

हिंदी वर्णमाला में व्यंजन की संख्या 39 हैं. इसमे 25 स्पर्श व्यंजन, 4 अन्तस्थ व्यंजन, 4 उष्म व्यंजन, 4 संयुक्त व्यंजन और 2 द्विगुण व्यंजन हैं.

वर्ण के भेद कितने होते हैं?

मूल रूप से हिंदी वर्ण 2 प्रकार के होते हैं: स्वर और व्यंजन.

हिंदी भाषा के वर्णों की लिपि कौनसी हैं?

हिंदी वर्णों को देवनागरी लिपि में लिखा जाता हैं.

Conclusion:

तो हमें उम्मीद हैं की हिंदी वर्णमाला के बारेमे विस्तार से लिखी गयी यह post आपको पसंद आई होगी और Hindi Alphabet & Hindi Letter (हिंदी अक्षर) से जुड़े सारा confusion दूर हो गया होगा. अगर फिर भी आपको थोडा सा भी doubt हैं तो आप निचे comment करे, हम आपको जरुर जवाब देंगे. इसे आप अपने दोस्तों को भी share करियेगा ताकि वे लोग भी हिंदी में वर्णमाला को सिख सके और समज सके. धन्यवाद.

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Hi, मेरा नाम Kishan Sarvaiya है. में इस ब्लॉग का founder हु. मेरा Grammarsikho.in ब्लॉग बनाने का एकमात्र उद्देश्य students को हिंदी और इंग्लिश ग्रामर, गणित और शिक्षा से जुडी जानकारी देना है.

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