Study time table कैसे बनाएं और उसे कैसे follow करें

पढ़ाई के लिए best study time कैसे बनाएं? हेलो दोस्तों, “Time Table” इस शब्द को आपने बहुत बार सुना होगा पर क्या कभी इसे बनाया है? क्या कभी टाइम टेबल बनाकर उसका पालन किया है? शायद आपने बनाया होगा और उसका पालन भी किया होगा. पर अगर कभी आपने पढ़ाई के लिए टाइम टेबल नहीं बनाया है या फिर किसी और चीज के लिए भी टाइम टेबल नहीं बनाया है और यह नहीं पता एक अच्छा टाइम टेबल कैसे बनाते हैं तो इस लेख में आपको सारी जानकारी सरल शब्दों में बताई गई है.

समय एक बहुत ही कीमती चीज है और उसका हमें पूरा उपयोग करना चाहिए, हमें समय को बर्बाद नहीं करना चाहिए. पूरे दिन में हम को 24 घंटे मिलते हैं, इतने समय को आप कैसे manage करेंगे और कहा करेंगे यह आपको decide करना है. आप एक student है तो आपको पढ़ाई करनी होती है, पढ़ाई के साथ-साथ अन्य activities में भी आपको समय देना होता है, तो आप समय को कैसे मैनेज करेंगे? यहां पर हम आपको पढ़ाई के लिए टाइम टेबल कैसे बनाएं, daily routine time table कैसे बनाएं इसके बारे में बताएंगे और फिर हम आपको बनाए गए study time table को follow कैसे करें इसके बारे में भी जानकारी देंगे.

Study time table kaise banaye
Study time table kaise banaye

अगर आप भी जानना चाहते हैं कि टॉपर अपना टाइम टेबल कैसे बनाते हैं, पढ़ाई के लिए टाइम को मैनेज कैसे करते हैं और परीक्षा के समय पढ़ाई करने का तरीका क्या है तो आज का यह article आपके लिए हैं. परीक्षा में अच्छे marks लाने के लिए आपको एक अच्छे time table की जरूरत होगी जिन्हें follow करके आप अपनी पढ़ाई करेंगे और परीक्षा में अच्छे marks के साथ pass होंगे. आप किसी भी कक्षा में हो तो उस कक्षा में बहुत सारे subjects आते हैं आपको ऐसा टाइम टेबल बनाना होगा कि आप सभी subjects को कवर कर सके, पर कैसे? चलिए जानते हैं इस article में.

हर एक विद्यार्थी के पास अपना एक सही टाइम टेबल होना बेहद जरूरी है, बहुत सारे विद्यार्थियों को तो यही नहीं पता होता है कि मैं किस समय किस subject की पढ़ाई करता हूं. कुछ विद्यार्थी अपनी पढ़ाई को टालते रहते हैं, कल करूंगा, परसों करूंगा, अभी तो समय बहुत बचा है कर लेंगे, exam के वक्त देखा जाएगा ऐसी सारी बातें आपको कभी भी पढ़ाई करने पर मजबूर नहीं कर सकती.

अच्छा टाइम टेबल आपको समय समय पर यह याद दिलाता रहेगा की आपको इस कीमती समय का उपयोग कहां करना है और कैसे करना है और क्यों करना है. तो चलिए टाइम टेबल बनाने के तरीके को जानते हैं, पढ़ाई के लिए स्टडी टाइम टेबल कैसे बनाएं इस लेख को शुरू करते हैं और अपने कीमती समय को बर्बाद होने से बचाते हैं.

Study time table कैसे बनाएं – How to create best time table for study

नीचे आपको तिमे टेबल कैसे लिखते हैं, टाइम टेबल बनाने के लिए कुछ tips दिए गए हैं जिन्हें follow करके आप एक best time time for study बना सकते हैं और उसका पालन करके अच्छे से पढ़ाई कर सकते हैं. अगर आप अपने बच्चो के लिए टेबल बनान चाहते हैं तब भी इन tips को follow कर सकते हैं और बच्चो के लिए टाइम टेबल बना सकते हैं. Time management बहुत महत्वपूर्ण है, हर किसी के जीवन में effective time table तो होना ही चाहिए फिर चाहे वह पढ़ाई के लिए हो या फिर किसी अन्य काम के लिए हो.

1. दिन भर के कार्यों की एक लिस्ट बनाऐ

जब तक आप को यह नहीं पता होगा कि मुझे किस चीज का टाइम टेबल बनाना है और अपने टाइम टेबल में किन-किन कार्यों को शामिल करना है तब तक आप टाइम टेबल कैसे बनाएंगे? तो सबसे पहले आपको एक लिस्ट बनानी है जिसमें आपको अपने पूरे दिन के सभी कार्यों को लिखना है. जैसे कि अगर आप एक विद्यार्थी है तो स्कूल का समय कितना है, entertainment, खेलना और अन्य कार्य इन सभी की आपको एक list बनानी है. फिर आपको यह सोचना है कि मेरे रोज के जो रूटीन कार्य है उनमें मुझे कितना समय लग सकता है और उस हिसाब से हर एक कार्य को अलग-अलग time slot provide कराइए.

जैसे कि अगर आप exercise करते हैं तो आप जितने मिनिट या घंटे exercise करते हैं उतना टाइम आप अपने टाइम टेबल में add करिए और कितने बजे से लेकर कितने बजे तक आप उस activity को करेंगे यह आपको add करना है. इसी तरह आपके पूरे दिन में बहुत सारी activities होती है तो आपको उन सभी activities की एक list बनानी हैं. Daily routine time table कैसे बनाते हैं इसका यह पहला step हैं.

2. Course subject की एक list बनाइए

आप जिस भी कक्षा में हो उनमें कुछ सब्जेक्ट होते हैं तो आपको उन सभी subjects की एक list बनानी है. अगर आप पढ़ाई के साथ-साथ किसी प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी करते हैं तो उनमे आने वाले subjects की भी आपको एक list बना लेनी है. ध्यान रहे कि आप इस list में सभी subjects को शामिल करें.

यह भी पढ़े: प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कैसे करे

3. Study के लिए कितना समय बचता है यह जाने

पहले और दूसरे तरीके में हमने आपको आपके पूरे दिन के अलग-अलग कार्यों की एक लिस्ट बनाने को कहा, तो आपने उस हिसाब से एक लिस्ट बना लेनी है और फिर अब बारी आती है study के लिए टाइम टेबल बनाने की. देखो कुछ कार्य ऐसे होते हैं जो कि किसी दिन अचानक से आ जाते हैं, कुछ कार्य ऐसे होते हैं जिन्हें आपको रोज नहीं करना होता है. हर एक के जीवन में अलग-अलग कार्य होते हैं. तो आपने अपने सभी कार्यों की एक लिस्ट तो बना रखी होगी और उन कार्यों को करने के लिए आपको कितना समय लगेगा इसकी भी आपको जानकारी होगी तो अब उन सभी समय को बाद करके पढ़ाई के लिए आपके पास कितना समय बचता है वह आपको decide करना है.

आप अपने पूरे दिन में से school का time और अन्य activities का time बाद कर दीजिए और आपके पास कितना time बचता है यह डिसाइड करें. ध्यान रहे कि आप पढ़ाई के लिए ज्यादा समय निकालें और साथ में खेल कूद और एंटरटेनमेंट के लिए भी समय निकाले क्योंकि पढ़ाई के साथ-साथ यह सब चीजें भी जरूरी है.

4. सभी subjects cover हो जाए ऐसा time table बनाएं

आपके पास सभी subjects की एक list है तो आपको उन सभी subjects को अपने हिसाब से जरूरी समय दे देना है. जैसे कि हिंदी, इंग्लिश, गणित, विज्ञान, इतिहास ऐसे कुछ subjects होते हैं तो आपको यह decide करना है कि में हिंदी विषय को इतने घंटे दूंगा, गणित विषय को इतना समय दुगा, विज्ञान को इतना समय दूंगा, इत्यादि.

अब आपको यह भी डिसाइड करना है कि आप कितने बजे से लेकर कितने बजे तक किसी सब्जेक्ट को समय देंगे. आपने यह तो डिसाइड किया कि मुझे विज्ञान को एक घंटा देना है तो आप को साथ में यह भी डिसाइड करना है कि क्या आप 4:00 बजे से लेकर 5:00 बजे तक विज्ञान subject को समय देंगे या फिर 5:00 बजे से लेकर 6:00 बजे तक. इसी तरह आपको हर एक subject के बारे में सोचना है और हर एक subject को सही समय देना है.

अगर आपकी स्कूल सुबह की है तो आपको दोपहर के लिए अपना एक best study time table बनाना है और इसमें आपको खेलकूद और एंटरटेनमेंट के लिए भी समय शामिल करना है और विश्राम के लिए भी समय शामिल करना हैं.

कुछ विषय ऐसे होते हैं जोकि आपको थोड़े से कठिन लगते हैं तो वैसे विषयो के लिए थोड़ा ज्यादा समय दे और कुछ विषय ऐसे भी होती है जो कि आपको बहुत आसान लगते हैं तो ऐसे विषयों को थोड़ा कम समझ दीजिए. इस तरह आप कम ज्यादा करके अपने समय को मैनेज करें.

5. Buffer time जरूर रखें

मान लीजिये की आपने एक पढाई के लिए सही टाइम टेबल बनाया पर जब आप उस टाइम टेबल का पालन करने गए और अगर अचानक बीच में कोई कार्य आ गया जैसे कि मान लो कि रिश्तेदार आ गए या फिर अचानक आपको कोई बहुत जरूरी काम करने के लिए बाहर जाना पड़ा तो ऐसे में आपने अपने टाइम टेबल में जिस कार्य को करने के लिए उस समय को डिसाइड किया था तो वह कार्य तो नहीं हो पाएगा तो फिर आप उसको कब करोगे? इसके लिए आपको अलग से थोड़ा सा समय निकाल कर रखना है जोकि ऐसे वक्त मैं आपके काम आ सकता है.

मान लो कि आपको 3:00 से 4:00 तक हिंदी विषय की पढ़ाई करनी थी और अचानक 3:00 बजे मेहमान आ गए और आप फिर 3:00 बजे से लेकर 4:00 बजे तक मेहमान के साथ रहे, इससे आपकी हिंदी विषय की पढ़ाई नहीं हुई. ऐसे में आपके पास 1 घंटे का बफर टाइम होगा तो आप उस समय हिंदी विषय की पढ़ाई कर पाएंगे. याद रखें कि फिर 4:00 बजे के बाद उस विषय की तैयारी करने मत बैठ जाना, 4:00 बजे के बाद आपने अपने टाइम टेबल में दूसरे विषय को टाइम दिया होगा तो पहले उस टाइम टेबल को फॉलो करें और जब पढ़ाई के लिए आपका टाइम टेबल पूरा हो जाए उसके बाद के बफर टाइम में वह कार्य करें जो कि आप टाइम टेबल में होते हुए भी नहीं कर पाए.

इन्हें भी पढ़े: पढाई में मन कैसे लगाये

Time table को फॉलो कैसे करें

यहाँ पर हमने आपको पढ़ाई के लिए स्टडी टाइम टेबल कैसे बनाएं इसके लिए कुछ tips बताइ हैं जिन्हें follow करके आप अच्छा टाइम टेबल बना सकते हैं. पर सिर्फ टाइम टेबल बनाने से कुछ नहीं होगा, आपको बनाए हुए टाइमटेबल को फॉलो करना होगा. बहुत सारे विद्यार्थी ऐसे होते हैं जो कि टाइम टेबल तो बनाते हैं पर उसका पालन नहीं करते, उन्हें फॉलो नहीं करते, सिर्फ बना कर छोड़ देते. आपको ऐसा बिल्कुल भी नहीं करना है. अगर आपने मेहनत से एक टाइम टेबल बनाया है तो उसका पालन भी करना होगा.

टाइम टेबल बनाने के बाद उसे किसी अच्छी जगह लगा दो जहां पर आप उसे बार-बार देख सके. रोज उठ कर आपको टाइम टेबल को देखना है और एक अच्छे विचार के साथ अपने दिन की शुरुआत करनी है और यह सोचकर करनी है कि मैं आज सभी कार्य समय पर कर लूंगा, मुझे समय बर्बाद नहीं करना है, मैंने जो टाइम टेबल बनाया है उसे मैं जरूर फोलो करूंगा, ऐसे अच्छे विचारों के साथ दिन की शुरुआत करो.

Conclusion:

यहां पर हमने आपको पढ़ाई के लिए टाइम टेबल कैसे बनाएं (How to create best study time table in Hindi) इसके बारे में जानकारी दी है. यहां पर study time table बनाने के लिए tips दी गई है जिन्हें follow करके आप एक अच्छा time table बना सकते हैं.

टाइम टेबल बनाना बहुत जरूरी है. यह आपको समय-समय पर याद दिलाता रहता है कि आपको अभी यह कार्य करना है. हर चीज को करने का एक schedule होता है, पढ़ाई करने का भी अपना एक schedule होना चाहिए और आपको ऐसा टाइम टेबल बनाना है जिसे follow करते समय आप बोर ना हो जाओ. सही समय और पूरा समय इन दोनों को अच्छे से समझ कर अपने टाइम टेबल में सभी subjects को समय दीजिए.

अपने routine time table को follow करने से आप motivate भी रहते हैं और आपको इस बात की खुशी भी रहती है कि मैंने सभी कार्य सही समय पर कर दिए और फिर आप रात को सुकून की नींद सो सकते हैं. आपको हर रोज बनाए हुए टाइम टेबल को फॉलो करना है. ऐसा नहीं करना है कि 1 दिन फूलो करा और दूसरे दिन छोड़ दिया.

अगर आपको यह लेख पसंद आया हो तो इसे अपने दोस्तों को भी जरूर share करिएगा और ऐसे ही articles पढ़ने के लिए आप हमारे blog से जुड़ सकते हैं. अगर आपके मन में कोई सवाल है तो आप बेझिझक हमें नीचे comment करके बता सकते हैं. धन्यवाद.

Sharing Is Caring:

Hi, मेरा नाम Kishan Sarvaiya है. में इस ब्लॉग का founder हु. मेरा Grammarsikho.in ब्लॉग बनाने का एकमात्र उद्देश्य students को हिंदी और इंग्लिश ग्रामर, गणित और शिक्षा से जुडी जानकारी देना है.

Leave a Comment